बुधवार, 19 मई 2010

नज़ारा...

यह नज़ारा छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के घडी चौक का है। घंटा पूरा होते ही इस घड़ी से संगीत सुनाई पड़ती है। कभी सुवा, कभी ददरिया...तो कभी डंडा...पूरे २४ घंटे, यानी छत्तीसगढ़ी की २४ अलग-अलग लोक-संगीत। इन तमाम खासियतों के कारण इस घड़ी को लिम्का बुक ऑफ़ रिकॉर्ड में दर्ज किया गया है...छायाकार-संतोष साहू.